दीपक जलाने से मिलते हैं स्वास्थ्य फायदे

भारतीय संस्कृति में बताए गए नियमों का जितना धार्मिक महत्व है उससे कई अधिक इसका महत्व हमारी सेहत से जुड़ा हुआ है। हिंदू धर्म में पूजा करने से पहले दीपक जलाया जाता है। प्राचीन समय मे भारत में खाना बनाने से पहले भगवान के आगे दीपक जलाया जाता था। एैसा भगवान को प्रसन्न करने के लिए किया जाता है।

 
दीया आप घी का भी जला सकते हो और तेल का भी। घर के अंधकार को दूर करता है दीपक। और घर में सकारात्मकता आती है।

 

 

क्या है दीपक के स्वस्थवर्धक फायदे
यदि आप नियमित घी या फिर सरसों के तेल का दीया जलाते हैं तब इससे निकलने वाला धुंआ एक तरह से घर में हवा को शुद्ध करता है। और इससे निकलने वाली खुशबु घर के अंदर आने वाले हानिकारक कणों को खत्म करती है। दीपक से निकलने वाली किरणें एक तरह की तरंग पैदा करती है जो इंसान के मानसिक परेशानी को दूर करती है।

 
घी या तेल का दीपक बुझ जाने के बाद भी कम से कम आधे घंटे से चार घंटे तक असर करता है।
दीपक जलाने व इससे निकलने वाला धुंआ अस्थमा के रोगियों के लिए बहुत ही ज्यादा फायदेमंद होता है। वातावरण को स्वच्छ बनाता है घी व तेल का दीपक अब बता दें कि ​रोगों में कैसे होता है इसका असर यदि आप लौंग को दीपक में रखकर जलाते हैं तो इससे इसका असार दोगुना हो जाता है।

 
यही नहीं इसे चर्म रोग तक ठीक हो जाता है। घी का दीपक बहुत ही फायदेमंद होता है। इसमें
सारे औषधिय गुण होते हैं।
डिप्रेशन दूर होता है
नकारात्मक विचार नहीं आते हैं।
सांस से संबंधित बीमारियां ठीक होती हैं।

दीपक जलाने के फायदे घर के सभी लोगों को मिलते हैं चाहे वह पूजा में बैठे या ना बैठे।
घी और सरसों के तेल का दीपक ही आप घर में जलाएं। यह किसी भी तरह से आपको हानि नहीं पहुंचाएगा।

 

Loading...